हैती में गृहयुद्ध से बढ़ी आम लोगों की मुश्किलें, घरों में हुए कैद; हजारों बच्चे भी विस्थापित
हैती में गृहयुद्ध से बढ़ी आम लोगों की मुश्किलें, घरों में हुए कैद; हजारों बच्चे भी विस्थापित
Haiti Violence इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन ने शनिवार को कहा कि अशांति के कारण 362000 लोग विस्थापित हुए हैं जिनमें हजारों बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं। फिलिप ब्रांचट ने एक बयान में कहा कि यहां के लोग डर में जी रहे हैं और हर दिन हर घंटे यह स्थिति बनी रहती है। उन्हें डर है कि यहां हालात और बदतर न हो जाएं।
Haiti Violence: हैती में गृहयुद्ध से बढ़ी आम लोगों की मुश्किलें, घरों में हुए कैद
कैरिबियाई देश हैती (Violence in Haiti) में हालात लगातार बिगड़ते ही जा रहे हैं। सशस्त्र गिरोहों द्वारा हैती की राजधानी में राष्ट्रपति भवन और पुलिस मुख्यालय सहित कई सरकारी इमारतों को निशाना बनाया गया है। हालांकि, सशस्त्र हमलावरों द्वारा सरकारी इमारतों को निशाना बनाने के बाद संयुक्त राष्ट्र समूह ने शहर की घेराबंदी की चेतावनी दी है।
हजारों बच्चे हुए विस्थापित
समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार, दर्जनों लोगों ने अपनी सुरक्षा को लेकर गुहार लगाई है। इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन ने शनिवार को कहा कि अशांति के कारण 362,000 लोग विस्थापित हुए हैं, जिनमें बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं।
हिंसा के कारण डर के साए में जी रहे लोग
हैती में इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन के प्रमुख फिलिप ब्रांचट ने एक बयान में कहा कि यहां के लोग डर में जी रहे हैं और हर दिन, हर घंटे यह स्थिति बनी रहती है। उन्हें डर है कि यहां हालात और बदतर न हो जाएं। उन्होंने कहा कि राजधानी में रहने वाले लोग घरों में कैद होकर रह गए हैं। वह कहीं जा नही सकते हैं। हैती की राजधानी सशस्त्र गिरोहों से घिरी हुई है। जो एक तरह की घेराबंदी है।
पुलिस की कार्रवाई में मारे सशस्त्र समूह के कई लोग
वहीं, हाईटियन पुलिस यूनियन के लियोनेल लाजारे ने कहा कि पुलिस ने शुक्रवार रात को राष्ट्रपति भवन सहित गिरोह के हमलों को नाकाम कर दिया और साथ ही पुलिस की कार्रवाई में सशस्त्र समूहों के कई लोगों की मौत हुई है। समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार, हिंसा के कारण गृह मंत्रालय के बाहर और आसपास की सड़कों पर जले हुए वाहन अभी भी सुलग रहे हैं।
Haiti Violence इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन ने शनिवार को कहा कि अशांति के कारण 362000 लोग विस्थापित हुए हैं जिनमें हजारों बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं। फिलिप ब्रांचट ने एक बयान में कहा कि यहां के लोग डर में जी रहे हैं और हर दिन हर घंटे यह स्थिति बनी रहती है। उन्हें डर है कि यहां हालात और बदतर न हो जाएं।
Haiti Violence: हैती में गृहयुद्ध से बढ़ी आम लोगों की मुश्किलें, घरों में हुए कैदकैरिबियाई देश हैती (Violence in Haiti) में हालात लगातार बिगड़ते ही जा रहे हैं। सशस्त्र गिरोहों द्वारा हैती की राजधानी में राष्ट्रपति भवन और पुलिस मुख्यालय सहित कई सरकारी इमारतों को निशाना बनाया गया है। हालांकि, सशस्त्र हमलावरों द्वारा सरकारी इमारतों को निशाना बनाने के बाद संयुक्त राष्ट्र समूह ने शहर की घेराबंदी की चेतावनी दी है।
हजारों बच्चे हुए विस्थापित
समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार, दर्जनों लोगों ने अपनी सुरक्षा को लेकर गुहार लगाई है। इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन ने शनिवार को कहा कि अशांति के कारण 362,000 लोग विस्थापित हुए हैं, जिनमें बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं।
हिंसा के कारण डर के साए में जी रहे लोग
हैती में इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन के प्रमुख फिलिप ब्रांचट ने एक बयान में कहा कि यहां के लोग डर में जी रहे हैं और हर दिन, हर घंटे यह स्थिति बनी रहती है। उन्हें डर है कि यहां हालात और बदतर न हो जाएं। उन्होंने कहा कि राजधानी में रहने वाले लोग घरों में कैद होकर रह गए हैं। वह कहीं जा नही सकते हैं। हैती की राजधानी सशस्त्र गिरोहों से घिरी हुई है। जो एक तरह की घेराबंदी है।
पुलिस की कार्रवाई में मारे सशस्त्र समूह के कई लोग
वहीं, हाईटियन पुलिस यूनियन के लियोनेल लाजारे ने कहा कि पुलिस ने शुक्रवार रात को राष्ट्रपति भवन सहित गिरोह के हमलों को नाकाम कर दिया और साथ ही पुलिस की कार्रवाई में सशस्त्र समूहों के कई लोगों की मौत हुई है। समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार, हिंसा के कारण गृह मंत्रालय के बाहर और आसपास की सड़कों पर जले हुए वाहन अभी भी सुलग रहे हैं।
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